ललिता दीदी की कामुकता

दोस्तों मेरा नाम चिराग है यह मेरे कॉलेज का प्रथम वर्ष की है लेकिन प्रथम वर्ष  दौरान मेरी सेक्स की भूख चरम सीमा पर पहुंच चुकी थी। मैं किसी भी लड़की की गांड देखता तो उसकी गांड देखकर मेरा मुठ मारने का मन करता लेकिन मैं किसी की चूत नहीं मार पाया था। मेरा लंड कड़क और लंबा है, मैं अपने लंबे लंड को किसी की चूत में डालना चाहता था मैं तड़प रहा था लेकिन मुझे कोई भी ऐसी लड़की नहीं मिली जो मेरी इच्छा को पूरा कर दे। मेरी इच्छा मेरी दीदी ने पूरी की उनका नाम ललिता है वह मेरे मामा की लड़की है, वह विदेश से पढ़ाई करने के बाद लौटी है। जब मैंने उनसे अपनी इच्छा के बारे में बात की तो वह कहने लगी क्या मैं तुम्हारी बहन होकर तुम्हारी लिए इतना भी नहीं कर सकती। उनहोने मुझे सेक्स का भरपूर मजा दिया मेरा लंड भी खुश हो गया।

मैं पढ़ने में पहले से ही अच्छा था मेरी पढ़ाई को देखते हुए मेरे माता-पिता ने हमेशा ही मेरे ऊपर बहुत ध्यान दिया और उन्होंने कहा कि बेटा तुम्हें पढ़ाई के ऊपर पूरा ध्यान देना चाहिए ताकि तुम अपना भविष्य बना सको। मेरे फर्स्ट डिवीजन हर बार आती थी इसीलिए उन्होंने मुझे एक नए कॉलेज में दाखिला दिलवा दिया, जब मैंने कॉलेज में गया तो वहां पर मेरी मुलाकात कई लड़कों और लड़कियों से हुई, स्कूल के दौरान तो हमारी इतनी बातें नहीं हो पाती थी लेकिन जब मैं कॉलेज में गया तो वहां पर सब लोग बड़े ही अच्छे तरीके से बात करते और कुछ सीनियर हमारे बड़े ही दबंग टाइप के थे वह लोग जब वह हमारी क्लास में आते तो सब लोग उन्हें देख कर खड़े उठते, जैसे पता नहीं कौन आ गया हो, हमारी क्लास में जितने भी छात्र हैं वह सब हमारे सीनियरो की बड़ी इज्जत करते। एक दिन तो हमारे सीनियर ने कुछ ज्यादा ही हद कर दी,  उन्होंने हमारे साथ के लड़के को इतना ज्यादा मारा की उसकी आंख के नीचे काले निशान भी पड़ गए परंतु उसके बावजूद भी हमारे कॉलेज प्रशासन ने उनके ऊपर कोई कार्यवाही नहीं की।

एक दिन हमारे सीनियरो ने मेरे साथ भी बड़ी बदतमीजी की लेकिन मैंने तो उस दिन अपने आपको जैसे तैसे संभाल लिया क्योंकि उन्हें यह बात पता है कि मेरे पिताजी पुलिस स्पेक्टर हैं और यदि वह मेरे साथ इस प्रकार की बदतमीजी करेंगे तो मेरे पिताजी भी उन्हें छोड़ने वाले नहीं है इसीलिए उन्होंने मेरे साथ ज्यादा बदतमीजी नहीं की उसके बाद तो सब कुछ ठीक होता चला गया। मेरे पापा हमेशा मुझसे घर में पूछा करते कि बेटा तुम्हारी पढ़ाई कैसी चल रही है? मैं उन्हें हमेशा कहता पापा पढ़ाई तो अच्छी चल रही है। मैं उन्हें कॉलेज के बारे में तो कुछ नहीं बता सकता था क्योंकि शायद यह सब बताना मेरे लिए उचित भी नहीं था, नहीं तो वह लोग बहुत डिस्टर्ब हो जाते, उन्हें मुझसे बड़ी उम्मीद हैं और इस उम्मीद को पूरा करने के लिए मैं भी जी जान से लगा रहता हूं, पढ़ाई में अच्छा होने की वजह से मेरे बहुत ही कम दोस्त है, मेरे कॉलेज में जितने भी दोस्त हैं उनसे सिर्फ मैं कॉलेज तक ही वास्ता रखता हूं उसके बाद मैं घर पर आता हूं तो मैं अपनी पढ़ाई में ही ध्यान देता हूं। एक दिन मैं जब घर पर आया तो मैंने देखा हमारे घर पर एक लड़की आई हुई है वह देखने में काफी अच्छी लग रही थी और वह बहुत स्टाइलिश भी थी लेकिन मैं उन्हें पहचान नहीं पाया कि वह आखिरकार हैं कौन, जब मेरी मम्मी ने मुझे उनसे मिलाया तो मेरे मम्मी कहने लगी कि क्या तुमने इन्हें नहीं पहचाना? मैंने अपनी मम्मी से कहा नहीं मम्मी मैंने तो उन्हें नहीं पहचाना। मेरी मम्मी कहने लगी जरा अपने दिमाग में जोर डालो और पहचाने कि आखिरकार यह हैं कौन, मुझे फिर भी समझ नहीं आया, फिर मेरी मम्मी ने ही मुझे बताया कि यह तुम्हारे मामा की लड़की ललिता है और विदेश से कुछ दिनों के लिए हमारे पास रहने के लिए आई हैं, मैं उन्हें देखकर बड़ा ही चौक गया क्योंकि जब उन्होंने मुझे अपनी तस्वीर पहले भेजी थी तो उसमें वह बढ़िया लग लग रही थी और जब मैंने उन्हें सामने देखा तो मैं उन्हें पहचान ही नहीं पाया, उन्होंने मुझे कहा कि और चिराग तुम्हारी पढ़ाई कैसी चल रही है?

मैंने उन्हें कहा दीदी पढ़ाई तो अच्छी चल रही है लेकिन घर में अकेला भी बोर हो जाता हूं, वह मुझे कहने लगी अब तुम बोर नहीं होगे मैं तुम्हारे साथ आ गई हूं इसलिए हम जमकर मस्ती करेंगे, तब तक मेरी मम्मी कहने लगी चिराग तो सिर्फ पढ़ाई करता रहता है वह ज्यादा कहीं बाहर नहीं जाता। ललिता दीदी भी कहने लगे कि जब आप उसे बाहर जाने ही नहीं देंगे तो वह कैसे जाएगा, मेरी मम्मी ने उस बात का कुछ जवाब नहीं दिया, मुझे उनकी बात से ऐसा प्रतीत हुआ कि जैसे वह मेरी तरफदारी कर रही हैं, मुझे उनके साथ में रहना अच्छा लगने लगा हम लोग कॉलोनी में साथ में ही घूमा करते, मेरी मम्मी ललिता दीदी को कुछ भी नहीं कहती क्योंकि वह हमारे घर कुछ दिनों के लिए ही रहने आई हुई थी इसलिए मम्मी उन्हें कुछ कह भी नहीं पा रही थी लेकिन उस वक्त तो मेरी बड़ी मौज हो गई मैं उनके साथ जगह जगह घूमने जाने लगा मेरे लिए तो जैसे यह एक सपना था क्योंकि मैंने नहीं सोचा था कि मैं कभी अकेले भी कहीं घूमने जा पाऊंगा, मेरे माता-पिता मुझे कहीं भी नहीं जाने देते थे वह मुझे कहते कि अभी तुम छोटे हो लेकिन मैं कॉलेज में पहुंच चुका था और वह मुझे छोटे बच्चे की तरह ही समझते थे। मैंने उनसे कहा कि दीदी मेरे माता-पिता अभी भी मुझे बच्चे की तरह समझते हैं और वह मुझे कहीं बाहर नहीं जाने देते, वह कहने लगी तुम्हें अब अपना रास्ता खुद ही तय करना है कि तुम्हें आखिर का करना क्या है।

एक दिन मैं अपने कमरे में बैठकर पॉर्न मूवी देख रहा था क्योंकि मेरा मन अब बहुत ज्यादा खराब रहने लगा था मैं किसी भी लड़की की बड़ी गांड को देखता तो मैं उसे देखकर मुट्ठ मार देता। उस दिन भी मैंने अपने लंड को अपने हाथ में पकड़ा हुआ था, तभी ललिता दीदी मेरे पास आ गई। जब उन्होने मेरे लंड को देखा तो वह कहने लगी तुम यह क्या कर रहे हो। मैंने उन्हें सारी बात बताई और कहा मैं जवान हो चुका हूं लेकिन अभी तक मैंने किसी के भी यौवन का रस नहीं चखा है। मेरी बात सुनते ही उन्होंने मेरे लंड को अपने हाथ में ले लिया और हिलाना शुरू कर दिया। जब उन्होंने मेरे लंड को अपने मुंह मे लिया तो मुझे बड़ा अच्छा लगा उन्होंने मेरे लंड को काफी देर तक सकिंग किया। यह मेरा पहला अनुभव था, मेरे लंड ने पानी भी छोड़ दिया था। जब उन्होंने मुझे कहा हम दोनों सेक्स का मजा लेते हैं तुम बिस्तर पर आ जाओ और मेरे कपड़े खोलने शुरू करो। मैंने उनके सारे कपड़े उतार दिए, जब मैंने उनकी पैंटी और ब्रा उतारी तो मेरा वीर्य अपने आप ही बाहर की तरफ गिर गया। मैंने उनके पेट पर वीर्य को गिरा दिया वह कहने लगी तुम्हारी पिचकारी तो बडी जल्दी गिर गई है तुम्हारा वीर्य तो अपने आप बाहर गिरे जा रहा है तुम जल्दी से मेरी योनि में लंड को डाल दो। मैंने अपने लंड को उनकी चत मे डाल दिया मुझे बहुत मजा आ रहा था। मैंने जिस प्रकार से उन्हे चोदा रहा था, वह मेरा पूरा साथ दे रही थी। मैंने उनसे कहा आपने मेरे साथ सेक्स करके बहुत अच्छा किया। वह मुझे कहने लगी क्या मैं तुम्हारे लिए इतना भी नहीं कर सकती आखिरकार मैं तुम्हारी बहन हूं और एक बहन होने का फर्ज मैं निभा सकती हूं। मैंने उन्हें बड़ी तेज गति से चोदना शुरू कर दिया, मैंने जिस प्रकार से उनकी चूत मारी मुझे बहुत अच्छा लग रहा था। जब मेरा वीर्य पतन उनकी योनि के अंदर हुआ तो मैं बहुत ही खुश हो गया। उसके बाद जितनो दिनों तक ललिता दीदी हमारे घर पर रही उतने दिनों तक उन्होंने मुझे अपने यौवन का स्वाद चखा। मेरे दिल में उनके लिए बड़ी इज्जत है, उन्होंने ही मुझे इस काबिल बनाया कि मैं और लड़कियों को चोद सकू, उन्होंने मेरी इच्छा बहुत अच्छे से पूरी की। अब मैं हमेशा चूत की तलाश में रहता हूं, इससे मेरी पढ़ाई पर भी असर पड़ा है लेकिन मुझे इस बात का कोई फर्क नहीं पड़ता कि मेरी पढ़ाई पर इस चीज का असर पड़ रहा है। मैं अब चूत मारने का आदि हो चुका हूं। ललिता दीदी मुझे अपनी नंगी फोटो भेज देती है, मैं कई बार उनकी नंगी फोटो देखकर मुठ मार देता हूं।


Share on :

Online porn video at mobile phone


Teacher ne ghar ke garden mei choda hindi sex kahanisex storywap of mami ki mast mai chudqipapa ne mujhe raat bhar choda daru sex videogli me ludki ko charda antarvasnajadar jasti kiya rep bhabhi sexy xxxसाथ मे रहनेवाली कामवालियों की चुदाई कहानियांsadisuda dedi ne gand pelna Sikhai hindi storyantarvasna सांप हैंमैंने मम्मी की जांघों में तेल लगाकर मालिश कीsaadisuda bahen ko land chuswayawidhva hone ke bad sex storiesChoot hotal me fadiबहनचोद जितना मर्जी चोदना है चोद ले अपनी रंडी बहन कोbhoot bankar choda storybehen ka naghata se parichay sex story in antaravasanaसांड की तरह माँ को पेलने लगाMeri family ko randikhana bnaya chudaiबड़ा लंड देखते ही आँखे फट गयी हिंदी सेक्स कहानीxxx gandi bahut sasural group kahani hindiBahin ko rat ki khub cudai karta thatRandi ki गन्दी गाली sex chodaikhahani hindi mema mujhe pisaab pilao sex kahaniरीसतो मै अदला,बदली चुदाई की कहानियाbahen ki chut suj gai chut chudai sex vidio kahaniyaxxx sex hindi chodi khiymasale ki chudakkad bibi beti उषा मौसी कि पुदीhd bhabi ki bur ko jabrjast patke bur ko coda kala land se hdanderi rat me land liya maine hat me kahaniya hindiनिंदमे भाभी की बालोवाली चुत चाटी कहाणीmi 35 saki pysi ainty hu devar ne chut fadi sex story9इंच के लंड से पडोसा भाबी की जबरन चुदाइ की काहानीयाचुदासी मेरी जवानी और मेरे अब्बूSas bahu ke bhosre ki grup chudai ka majachanchal ne apne teacher se chudwayateacher ko student ke papane choda sex kathama ka bra kola kahaniXxx bebe na bhan ko pate chudie kahine hindeचिकने ओल्ड अंकल ने छोड़ा गे सेक्स कहानीबुवा को चोद के पेसाब पियाsexkahanehotदादि नाती की सेकसि कहानिrishto m chudai malish krte hue nd bus ki bhed m chudai Jevan airy Ko choda bade lund se hindi kahaniaurt ko land made chosayलड़की के कपड़े पहन कर चुदवाया गे स्टोरीपड़ोस की खुशबू भाभी की चुदाईantarvasna chut me baal lesbian storiespati ke samne gundo se dardnak gangbang chudai ki dardnak kahaniraja ki beti ko ghode pr choda desi sax storyCake Laga kar chudhi dard bhari hinde sex kahani bhabhi ki vidhwaAntervasna hindi sexy story sadisuda bahan k Sath suhagratभाई ने बहन से सुहागरात मनायी माँ बनी गाईbus ki bhid Mai Didi ki moti gand Mai land ragadabahin k dhudh bhari chuchiya pi bas m hindi xxx kahaniyaJiji ne didi ko pragnant karne bola kahaniबॅास की बीबी को चुदने की कहानीAnti ne Jabar jasti bur chataya xxx HINDI Kkhani2menet kai cudai land dal ki cudaiFast bar Chodna shikha Hindi storiसलीम का लंड कहानीantarvasna dedeमा बुआ की बूर मे लन्ड डाल कर फाड़दियाbarish ki chudai ki kahaniyaGay sanny gandu xxx hinde story comमौसी के लड़के ने बालकनी में छोड़ा/sdcard/UCDownloads/बहन की नंगी जांघें देखकर चोद दिया • Kamukta Sex Stories - Part 2.mhtsexstorie chhoti cute behen ko mana k uska chut rass piyaमाँ ओर मेरी चुत चुदि साथमेकुतियाकी गांङ मारीmain in stano ka kya karu porn storyसुजाता बुआ की बुर चुदाई की कहानीsex daya bhbi marathi kathaajay and shalini ka xxx ki kahaniyaचुपके चुपके छत पर चुदी सासarto ki gad ki photussuhagrat par dulha choot kyon fadta haiचुत मुताई और चुदाई स्टोरीMatlabi aunty ki jamkar gand maribivi nikli randi antarwsnaचुद चुदते सामुहिक कथाsexy aunty ke mote bub ko codha hindi kahaniबाॕस ने बीवी को चोदा ग्रुप सेक्सRiston ki chudai rajai main